धार्मिक स्थल पर दर्शन के लिए निकला था परिवार
जानकारी के अनुसार देवास जिले के सतवास गांव निवासी एक परिवार के 11 लोग ईको कार से राजगढ़ जिले की सारंगपुर तहसील के कड़नावद गांव स्थित धार्मिक स्थल पर दर्शन के लिए जा रहे थे। कार में 4 बच्चे, 4 महिलाएं और 3 पुरुष सवार थे।
जब कार पड़ाना बायपास के पास पहुंची, उस समय भारी बारिश के कारण वहां का नाला उफान पर था। पानी का बहाव इतना तेज था कि नाले का पानी सड़क के ऊपर से भी बह रहा था। इसके बावजूद चालक ने कार को रोकने के बजाय नाला पार करने का प्रयास किया।
कार तेज बहाव के सामने टिक नहीं सकी और देखते ही देखते अनियंत्रित होकर नाले में जा गिरी। कुछ ही मिनटों में कार पानी के तेज बहाव में बह गई।
दो युवक सुरक्षित निकले, 7 शव बरामद
हादसे के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल बचाव की कोशिश शुरू की। स्थानीय लोगों की मदद से मुकेश और हुकुमसिंह नामक दो युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
रेस्क्यू टीम को सबसे पहले तीन वर्षीय बच्चे का शव मिला। इसके बाद तलाश जारी रखते हुए महिलाओं और बच्चों समेत कुल 7 शव बरामद किए गए। अन्य लोगों की तलाश के लिए बचाव अभियान जारी रहा।
पानी और सड़क के बीच अंतर समझ नहीं पाया चालक
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक नाले का पानी सड़क पर काफी ऊपर तक फैल गया था। तेज बहाव के कारण सड़क और नाले के बीच अंतर स्पष्ट नजर नहीं आ रहा था। बताया जा रहा है कि इसी वजह से चालक रास्ते को लेकर भ्रमित हो गया और कार नाले की तरफ चली गई।
नाला गहरा होने के कारण कार पानी में गिरते ही कुछ ही समय में लोगों की आंखों से ओझल हो गई। तेज बहाव के चलते मौके पर मौजूद लोगों को भी तत्काल बचाव करने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा।
ग्रामीणों ने कार रोकने की कोशिश की थी
स्थानीय लोगों के अनुसार कार को नाले में उतारने से पहले करीब पांच-छह लोगों ने चालक को रोकने की कोशिश की थी। ग्रामीणों ने उसे तेज बहाव के खतरे के बारे में चेतावनी देते हुए कुछ समय रुकने की सलाह दी थी।
ग्रामीणों ने कहा था कि बारिश रुकने और पानी का बहाव कम होने के बाद ही नाला पार किया जाए। आसपास के लोग भी उस समय नाला पार नहीं कर रहे थे। इसके बावजूद चालक ने कार आगे बढ़ा दी और कुछ ही देर में हादसा हो गया।
पुलिस-प्रशासन और ग्रामीणों ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। सारंगपुर एसडीएम, एसडीओपी सहित पुलिस-प्रशासन की टीमों ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। ग्रामीण भी रस्सियों की मदद से रेस्क्यू अभियान में जुट गए।
कई घंटों की मशक्कत के बाद शवों को बाहर निकाला गया। तेज बहाव के कारण कार को बाहर निकालने में भी काफी कठिनाई हुई। प्रशासन और रेस्क्यू टीम द्वारा शेष लोगों की तलाश जारी रही।
