डिंडौरी। मध्य प्रदेश के डिंडौरी जिले में लगातार करीब 10 घंटे हुई मूसलाधार बारिश से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। जिला मुख्यालय में 5 इंच से अधिक बारिश दर्ज होने के बाद नर्मदा, खरमेर और चकरार नदियां उफान पर आ गईं। कई निचले इलाकों में पानी भर गया, जबकि प्रमुख पुलों के जलमग्न होने से सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है।
नर्मदा उफनी, दोनों प्रमुख पुल जलमग्न
लगातार बारिश के कारण नर्मदा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा। रविवार सुबह करीब 5:30 बजे जिला मुख्यालय का मुख्य पुल और जबलपुर मार्ग पर स्थित जोगी टिकरिया पुल पानी में डूब गए। सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने दोनों ओर बैरिकेड लगाकर यातायात रोक दिया।
पुलों पर पानी आने से डिंडौरी-जबलपुर मार्ग समेत आसपास के प्रमुख मार्गों पर आवागमन प्रभावित हुआ। बड़ी संख्या में वाहन रास्ते में फंस गए, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
निचले इलाकों में घुसा पानी, रेस्क्यू शुरू
नर्मदा के जलस्तर में बढ़ोतरी के बाद नदी किनारे के घाट और आसपास के निचले इलाकों में पानी भर गया। कई घरों में पानी पहुंचने से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया है।
प्रशासन की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
गांवों में भी जलभराव, फसलों पर संकट
डिंडौरी के बजाग और करंजिया सहित ग्रामीण क्षेत्रों में भी लगातार बारिश से हालात बिगड़ने लगे हैं। खरमेर और चकरार नदियों के उफान पर आने से कई गांवों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। खेतों में पानी भरने से फसलों को नुकसान की आशंका है।
SDRF और पुलिस अलर्ट, लोगों से सावधानी की अपील
हालात को देखते हुए प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में पुलिस और राहत-बचाव टीमों को अलर्ट किया है। लोगों से अपील की गई है कि वे उफनती नदियों, नालों और जलमग्न पुलों के पास जाने से बचें। भारी बारिश के बीच प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
मौसम विभाग ने जारी किया भारी अलर्ट
आने वाले घंटों में भी बारिश जारी रहने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। लगातार बारिश की वजह से नदी-नालों का जलस्तर और बढ़ने की आशंका बनी हुई है।
